बांका और जमुई जिलों से होगी एंट्री, 2 दिनों तक प्रदेश के सभी हिस्सों में तूफान के साथ होगी तेज बारिश

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बंगाल की खाड़ी में सक्रिय यास तूफान बुधावार की सुबह ओडिशा के बालसोल तटीय क्षेत्र में टकराया। इसके बाद बाद पश्चिम बंगाल और ओडिशा में 144 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चली और तेज बारिश हुई। इसके बाद बुधवार-गुरुवार की रात दो बजे झारखंड में प्रवेश करने के बाद अब दोपहर में बांका जमुई होते हुए बिहार में एंट्री करेगा। प्रदेश में चक्रवाती तूफान यास के कारण भारी बारिश की आशंका है। इसे देखते हुए जल संसाधन विभाग ने हाईअलर्ट कर दिया है। नदियों की निगरानी बढ़ा दी गई है। मुख्यालय की ओर से हर तीन घंटे पर नदियों के जलस्तर की रिपोर्ट मांगी गई है।

कई जिलों में हो रही बारिश

चक्रवाती तूफान का असर फ्लाइट्स पर भी पड़ा है। बुधवार को 31 उड़ान रद्द कर दी गई। यास तूफान की वजह से कोलकाता के लिए पटना से तीनों विमानों का ऑपरेशन नहीं हो सका। दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, हैदराबाद समेत अन्य शहरों के लिए 17 फ्लाइट की ही उड़ान हो सकी। उधर, प्रदेश के कई जिलों में रात से ही बारिश हो रही है। दरभंगा में बुधवार की रात से ही बूंदाबांदी हो रही है। तेज हवा भी चल रही है। गुरुवार की सुबह से ही आसमान में बादल मंडरा रहा है। रूक-रूक कर बारिश भी हो रही है। वहीं, मधेपुरा में भी रिमझिम बारिश हो रही है। मौसम विभाग के मुताबिक यास तूफआन बेतिया, मोतिहारी और गोपालगंज होते हुए पूर्वी उत्तर प्रदेश की तरफ रुख करेगा।

गंगा में जाने की मनाही

मुंगेर मे चकृवाती तूफान यास का असर दिख रहा है। बुधवार को रुक रुक कर बारिश हुई। लेकिन, गुरुवार को 26 किमी की रफ्तार के साथ लगातार हो रही बारिश से तापमान में अचानक गिरावट आ गई है। लोगों को ठंड का एह्सास करा दिया है। लगातार हो रही बारिश और तूफान से बचाव को लेकर मछुआरों ने अपने नाव गंगा किनारे हीं बांध दिए हैं। फिलहाल गंगा में लहर नहीं है। लेकिन, नाविकों को प्रशासनिक स्तर पर नाव लेकर गंगा मे जाने की मनाही है।

तूफान के प्रभाव 160 MM बारिश की संभावना

यास तूफान का असर चार दिनों तक पूरी तरह रहेगा। इस दौरान 160 एमएम बारिश होने की संभावना है। यास के प्रभाव से 27 मई से तापमान में गिरावट होनी शुरू हो जाएगी जो 1 जून तक जारी रहेगी। मौसम विभाग के मुताबिक इस दौरान सक्रिय टर्फ रेखा के चक्रवाती हवाओं का प्रभाव निष्क्रिय हो जाएगा। हालांकि बिहार के विभिन्न क्षेत्रों में बुधवार को यास का प्रभाव देखने को मिला है। अधिकांश हिस्सों में आसमान में बादल छाए रहे। पटना में रुक रुक कर कई बार बारिश हुई जिसे 1.9 एमए रिकॉर्ड किया गया वहीं गया में 30 एमएम बारिश दर्ज की गई। यास के प्रभाव की वजह से पटना का अधिकतम तापमान 30 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस होने की संभावना है।

यास से बिहार में 4 दिनों बड़ा अलर्ट

यास तूफान को लेकर बिहार में 4 दिनों का विशेष अलर्ट जारी किया गया है। इसमें 27 मई को राज्य के 38 जिलों में भारी बारिश के साथ तेज हवाएं चलेंगी। ऐसे में में आपदा को लेकर पूरा बिहार अलर्ट है। बिहार के सभी जिलों के डीएम इसे लेकर पूरी तरह से अलर्ट मोड पर हैं। जिससे किसी भी आपदा से निपटा जा सके। तेज रफ्तार में चलने वाली हवाओं के कारण प्रदेश के सभी जिलों में सुरक्षा का दस्ता लगाया गया है। जमुई और बांका में 70 एमएम से अधिक बारिश होने का अनुमान है।

आपातकालीन सेवा पर असर

तूफान के कारण आवश्यक सेवाओं के बाधित होने का अनुमान है। इस कारण से ऐसी व्यवस्था बनाई जा रही है जिससे आपात सेवा को तत्काल बहाल किया जा सके। आवश्यक सेवाओं के साथ स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर विशेष तैयारी की जा रही है। टेलीफोन, यातायात, स्वास्थ्य सेवा, मोबाइल, इंटरनेट के साथ अहम सर्वर को लेकर विशेष अलर्ट है। बिजली की व्यवस्था को लेकर भी राज्य के सभी जिलों में विशेष वैकल्पिक तैयारी की जा रही है। इसमें हॉस्पिटल को पहली प्राथमिकता में रखा गया है।

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